
अपनी पायल का घुँघरू
अपनी पायल का घुँघरू
अपनी, पायल का, घुँघरू, बना लो मुझे ॥
ओ चरनों, से अब, लिपटा लो मुझे ॥
पैरों में, बँध कर श्री राधे, छम-छम, छम कर डोलूँ ।
जनम, जनम के पापों को, चरनों से, लिपट कर धो लूँ ॥
ओ घुँघरू में, मिला के, सजा लो मुझे ॥
जब, जब चरन, धरूँ धरती पर, तब-तब, बजा करूँ मैं ।
झनकारों में, मिलकर राधे, उनमें, जड़ा रहूँ मैं ॥
ओ ताल, सुर से हटूँ तो, सम्भालो मुझे ॥
इन चरनों में, बँध कर मेरी, क़िस्मत, जाग उठेगी ।
लिपटा रहूँ, पागल बन कर के, मन की, कली खिलेगी ॥
ओ झूठी, दुनियाँ से, अब तो, बचा लो मुझे ॥
राधा... राधा... राधा... राधा राघा ॥
राधा... राधा... राधा... राधा... ॥
जय जय राधा, श्री राधा, श्री रा...धा ॥
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.

