
ना तुमसा है दानी कोई
ना तुम सा है दानी कोई, ना तुम सा है साथी कोई,
हो जिसको सहारा ना, श्याम उसका सहारा तू ही,
जग घुमिया ना थारे जैसा ना कोई………
श्याम के दर पे लाता जो भी झोली खाली है,
बगिया की जिसकी बनता श्याम मेरा माली है,
छाती है बहार वहां आती खुशहाली है,
वो खाटू वाला श्याम जहां,
ना वहां परेशानी कोई, रहे गम कोई ना वहां,
जहां जय श्री श्याम कहीं, जय जय श्री श्याम कहना,
शीश का है दानी बाबा तीन बाण धारी है,
डूबते की नैया तुमने पार उतारी है,
चरणों में रखना मुझको बाबा तुम अपने,
भक्तों के तेरे बाबा यही बस सपने,
तुमसे बस यही कहना,
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.


