
गाइये गणपति सुबहो शाम लिरिक्स
गाइये गणपति सुबहो शाम
मंगलमूर्ति मंगलकारी
पावनकारी तेरा नाम
रिद्धि सिद्धि के तुम ही ज्ञाता
तुम ही देते विद्या ज्ञान
भक्तजनों के तुम ही ध्याता
जग सारा है तेरा धाम
तेरी शरण में जो भी आया
पाए जग में शीतल छाया
सारा जग है तेरी माया
सफल करता तू सब काम
अरज सुनो गणराजा
गणराया मोरया गजव्धना मोरया
जय जय गणेशा
हे गणपति हे गणराज
हे गणनायक सब सुखदायक
तेरी जय हो गौरी लाल
गणपति आज पधारो
देवा रे मोरे देवा रे
सबसे पहले तुम्हे मनाऊँ
गणपति तेरे चरणों की
श्री सिद्धिविनायक मंत्र और आरती
देवा श्री गणेशा
मेरी विनती सुनो गणराज
गणेश चालीसा
शेंदुर लाल चढ़ाय
घर में पधारो गजानन जी
देवा हो देवा गणपति देवा
गणपति अथर्वशीर्ष
गणेश आरती
तेरी जय हो गणेश
वक्रतुण्ड महाकाय
श्री गणेश स्तुति
सुख हरता दुःख हरता
गणेशा
देवा हो देवा
देवा हो देवा हो
डंका बजा
आरती
मंगल मूर्ति गौरी लाला
प्रथम तुला वंदितो
वीर है गौरा तेरा लाडला गणेश
जय गणेश काटो कलेश
सिद्धिविनायक जय गणपति
मेरी भक्ति में रंग भर जाओ
तुझको आना होगा
रिद्धि सिद्धि के दाता मेरे गणपति
गजाननं भूतगणादि सेवितं
म्हारा कीर्तन में रस बरसाओ बरसाओ
हरिद्रा गणेश कवचम्
आनंद के है दाता गजानन
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.




