
कभी वीर बनके महावीर बनके,
चले आना दरश मोहे दे जाना।।
तर्ज – कभी राम बनके।
तुम ऋषभ रूप में आना,
तुम अजित रूप में आना,
संभवनाथ बनके,
अभिनंदन बनके,
तुम चंद्र रूप में आना,
तुम शीतल रूप में आना,
श्रेयांसनाथ बनके,
वासुपूज्य बनके,
तुम विमल रूप में आना,
तुम अनंत रूप में आना,
धर्मनाथ बनके,
शांतिनाथ बनके,
तुम कुंथु रूप में आना,
तुम अरह रूप में आना,
मल्लिनाथ बनके,
मुनिसुव्रत बनके,
नमिनाथ रूप में आना,
नेमिनाथ रूप में आना,
पार्श्वनाथ बनके,
वर्द्धमान बनके,
स्वर – अंजलि जैन।
एप्प में इस भजन को कृपया यहाँ देखे ⏯
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.

