
देखो मोहनपुरीजी आय गया,
मरुधर में ज्योत जगाय गया,
म्हारा गुरूवर है अवतारी,
है भगता रा हितकारी,
आया तारातरा रे धाम,
बडो उपकार कियो,
भगता रा बीरू जग में,
अमर नाम कियो।।
तर्ज – मरुधर में ज्योत जगाय गयो।
स्वामी मालानी महादेव कहाया,
भगता रा काज सजाया,
ओ भगता रा काज सजाया,
वचना सिद्ध संत पुजाया,
शिव शिव री रटन लगाया,
ओ शिव शिव री रटन लगाया,
धोरां धरती मे आय गया,
भगती रो बीज बवाय गया,
भगता रा दुखडा मिटाया,
रोता ने बापजी हसाया,
कई भगता ने बाबे,
जीवन रो थे दान दियो,
गुरू गौ माता है प्यारी,
ज्यारी घोडी कहूँ असवारी,
ओ ज्यारी घोडी कहूँ असवारी,
बाबो दिन दुखी हितकारी,
अबला कन्या है प्यारी,
ओ अबला कन्या है प्यारी,
बाबो गाँव गाँव मे भ्रमण कियो,
सेवक बन दुखडो दूर कियो,
स्वामी महामानव बन आया,
कोई सुता भाग जगाया,
सेवा ही मोटो धर्म,
जगत समझाय दियो,
स्वामी धर्म रो मर्म बतायो,
अन्याय अंधाल मिटायो,
ओ अन्याय अंधाल मिटायो,
साची राह जगत बतलायो,
भूल्या ने मार्ग बतायो,
ओ भूल्या ने मार्ग बतायो,
एसो स्वामी जग ने ज्ञान दियो,
संता भी ज्याने मान दियो,
ज्यारी दुनिया जश ये गावे,
दौड्या तारातरा मे आवे,
कोई तारातरा मठ,
जय जयकार गूंजाय दियो,
स्वामी स्वर्ग लोक है सिधावे,
गादी प्रताप पुरीजी ने बैठावे,
ओ प्रताप पुरीजी ने बैठावे,
नारायण पुरीजी ने महंत बनावे,
गादी हमीरपुर मठ दिरावे,
ओ गादी हमीरपुर मठ दिरावे,
बलदेव पुरीजी ने चेला किया,
गिरधार पुरीजी ने उपदेश दिया,
स्वामी साज पुरीजी मन भाया,
शंकर पुरी शिष्य कहाया,
‘माली प्रकाश’ महिमा गाई,
जन्म सुधार लियो,
गायक – प्रकाश माली जी।
प्रेषक – मनीष सीरवी
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.

