
बस इतनी तमना है,
एह श्याम तुम्हे देखु एह घनश्याम तुम्हे देखु,
सिर मुकट सुहाना हो माथे तिलक निराला हो,
गल मोतियन माला हो,
कानो में हो बाली लटके लट घुंघराली,
तेरे अधर पे हो मुरली एह घनश्याम तुम्हे देखु,
दिन हो या अंधेरा हो चाहे श्याम सवेरा हो,
सोउ तो सपनो में एह घनश्याम तुम्हे देखु,
कहता है कमल ऐ किशन सौगात मुझे ये दे,
जिस और नजर फेरु एह श्याम तुम्हे देखु,
एह घनश्याम तुम्हे देखु,
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.




