
भगत तेरे दर ते खड़े, जय जय,
तू देदे दरश शेरा वाली, भगत तेरे दर ते खड़े।
तेरे दर पे जो भी आए, कभी ना जाए खाली।
तू दुष्टों को मारने वाली, भक्तों की रखवाली॥
तेरे रूप हज़ारों दाती, तेरी शान निराली।
हम सब फूल तेरे, तू बागों की माली॥
माँ तेरा दरबार जग से निराला है,
दर्शन करने वाला किस्मत वाला है।
तू है महामाया, तेरी माया भी अपार है,
त्रिलोकी की रानी, तेरी होती जय जय कार है।
भक्तो पे करम कमाओ मैया जी,
आओ नैनो की प्यास बुझाओ मैया जी॥
सारी सारी रात तेरी ज्योत है जगाई,
तू तो गुफा में बैठी शेरों वाली माई।
गा के भेटें तुझ को मनाएंगे,
जगराते में तुझ को बुलायेंगे,
अम्बे मैया तेरा दर्शन पायेंगे॥
सुन ऊँचे मंदिरों वालिये, अपने भक्तों की पुकार,
तेरा दर्शन हैं सब मानते, तू दे सबको दीदार।
तेरे बछड़े माँ तेरे लाडले, तेरी करते जय जय कार॥
तेरे दर पे सीस झुकाए, बैठे तेरी आस लगाए,
दाती यह झोली फैलाए, तेरे नाम की महिमा गाए।
चरणों से हमें लगा लो माँ, हमें अपना दास बना लो माँ॥
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.

