
अवतार लियो गोपाल नन्दलाल
अवतार लियो गोपाल नन्दलाल,
नन्द भवन वधाई भाज रही,
नन्द भवन में आनंद छाया है,
जो लोक में आनंद छाया है,
नन्द भवन में कान्हा आया है,
नन्द के आनंद भियो जय कन्हियाँ लाल की,
हाथी दीने घोडा दीने और दीने पालकी,
नन्द घर लाला आया हैम,
नन्द हो गए मालामाल नन्द भवन वधाई भाज रही,
नव देवता मंगला चार करे,
ब्रिज वासी जय जय कार करे,
रंग रस वरसे रंग गुलाल,
नन्द भवन वधाई बाज रही,
बड़ा सोना श्याम सलोना है,
मनमोहन रूप खिलौना है,
बड़ा सूंदर लड्डू गोपाल,
हरी दर्श मधुप सब पावत है,
सब नाचत झूमत गावत है,
पलना झूलत नन्द लाल,
बधाई हो बधाई हो ....
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.
