
चाल चाल म्हारी नानी बाई,
कलश बदाओ ये,
ए बीरो थारो आयो रे,
बीरो थारो आयो है,
मायरो लायो है,
बीरो थारो आयो ये,
ए मायरो लायो ये,
चाल चाल मारी नानी बाई,
ये भी देखें – भरदे मायरो साँवरिया।
द्वारका सु कृष्ण पधारिया,
राधा रुक्मण लाया ये,
सोना चांदी रो रथ जुतवायो,
बैल सवायो ये,
जद थारा बिरोसा कांकड़ आया,
ग्वाल बाल बतलाया ये,
राधा रुक्मण कैवण लागी,
कांकड़ फेरावो ये,
जद थारा बिरोसा पणघट आया,
पणहरीयां बतलाया ये,
राधा रुक्मण रथ सू उतरी,
मंगल गाया ये,
बाबोसा रो बांध मोठडो,
सांवल सेठ बण आया ये,
नाराण्यो देवर नगटो है,
यूँ बतलाया ये,
महंगा महंगा कपड़ा थारा,
नरसी मोड्यो लेसी ये,
सब कपड़ा ये बिक जासी,
कीमत रोकड़ा देसी ये,
के नरसिलो सुण रे सांवरा,
सुण ले अरजी मारी रे,
नानी बाई रे भरणो मायरो,
बेनड़ थारी रे,
गायक – भागवत जी सुथार।
प्रेषक – रोशन कुमावत।
(भेरुखेड़ा) 8770943301
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.

