
खाटू वाले सांवरे मुझे अब दरश दे दीजिये
खाटू वाले सांवरे मुझे,
अब दरश दे दीजिये,
हार के आया जगत से,
अब शरण ले लीजिये,
तर्ज – दिल ने दिल भरकर ना देखि।
दर बदर फिरता रहा मैं,
ना मिला कोई आसरा,
तेरी चौखट मिल गई मुझे,
क्यों मैं भटकूं रास्ता,
अपने चरणों में बिठाकर,
पार मुझको कीजिये,
आप ही यदि छोड़ देंगे,
फिर कहाँ जाऊँगा मैं,
तेरे दर को छोड़ कर,
कुछ ना कर पाऊंगा मैं,
आसरा कोई ना देता,
सब जगह मंज़िल भटक कर,
ली शरण अब आपकी,
काम करना या ना करना,
दोनों मर्ज़ी आपकी,
दूर कर अब दूरी प्यारे,
अब दर्श दे दीजिये,
मुझमे है जप तप ना साधन,
और ना कुछ भी ज्ञान है,
मेरे बाबा से मिला दो,
बस यही अरमान है,
विरह अग्नि को जलाकर,
पाप जलने दीजिये,
हिंदी · Read on Bhajan Baan
Share this bhajan with your family
Send it to your satsang group before kirtan so everyone has the words.





